'जहाज पकड़ो और सीधे ईरान जाकर लड़ो...', अलविदा जुमा को लेकर संभल पुलिस की सख्त चेतावनी, कहा- बवाल किया तो इलाज करेंगे!

Sambhal Police Warning: संभल पुलिस ने अलविदा जुमा और ईद को लेकर सख्त चेतावनी जारी की है. सीओ कुलदीप कुमार ने स्पष्ट किया कि ईरान-इजरायल विवाद के नाम पर भारत में प्रदर्शन या नारेबाजी बर्दाश्त नहीं होगी. सड़क पर नमाज पढ़ने वालों को जेल भेजने और भड़काऊ रील बनाने वालों पर कड़ी कार्रवाई की बात कही गई है.

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Sambhal Police Warning: उत्तर प्रदेश के संभल में 'अलविदा जुमा' और 'ईद-उल-फितर' के त्योहार को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है. ईरान और इजरायल के बीच जारी तनाव का असर स्थानीय कानून व्यवस्था पर न पड़े, इसके लिए पुलिस ने सख्त रुख अख्तियार कर लिया है. संभल कोतवाली में आयोजित पीस कमेटी की बैठक में क्षेत्राधिकारी (CO) कुलदीप कुमार ने दो टूक शब्दों में उपद्रवियों और प्रदर्शनकारियों को चेतावनी दी है.

विदेशी विवाद पर देश का माहौल बिगाड़ा तो होगा 'इलाज'

बैठक के दौरान सीओ कुलदीप कुमार ने कड़े लहजे में कहा कि कुछ लोग दूसरे देशों के विवाद को लेकर यहां माहौल खराब करने की कोशिश कर रहे हैं.

उन्होंने कहा, "जिन लोगों को ईरान और इजरायल के युद्ध से ज्यादा परेशानी हो रही है, वे जहाज का टिकट कटाएं और सीधे ईरान जाकर उनकी तरफ से लड़ाई लड़ें. लेकिन अगर दो देशों के झगड़े की आड़ में हमारे देश की कानून व्यवस्था को पलीता लगाया गया, तो पुलिस बहुत 'बढ़िया वाला इलाज' करेगी."

पुलिस ने सख्त निर्देश दिए हैं कि अलविदा जुमे की नमाज के दौरान न तो किसी देश के विरोध में नारेबाजी होगी और न ही कोई काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन करेगा. सीओ ने चेतावनी दी कि पुलिस की कार्रवाई वहां तक जाएगी जहां पोस्टर छपते हैं और स्लोगन लिखे जाते हैं.

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पुलिस ने सख्त निर्देश दिए हैं कि अलविदा जुम्मा की नमाज में किसी भी देश के विरोध में स्लोगन बाजी या काली पट्टी बांधकर विरोध नहीं होना चाहिए, कोई व्यक्ति ईरान को लेकर छाती पिटेगा तो वह खुद ईरान चले जाए लेकिन कोई व्यक्ति इस देश में फिजा बिगाड़े.. ये चीज बिल्कुल बर्दाश्त नहीं करेंगे. इसलिए यह चीज बिल्कुल समझ लें और समझा दें कि पुलिस फिर वहां तक इलाज करती है.

सड़कों पर नमाज पढ़ने पर सीधे जेल

त्योहार के दौरान सड़कों पर नमाज पढ़ने की परंपरा को लेकर भी प्रशासन ने जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है. सीओ ने हिदायत दी कि एक भी व्यक्ति मस्जिद के बाहर या सार्वजनिक सड़क पर नमाज पढ़ता हुआ नहीं मिलना चाहिए. उन्होंने कहा, "अगर किसी मस्जिद में जगह नहीं है, तो दूसरी मस्जिद में जाएं, लेकिन सड़क पर यह बर्दाश्त नहीं होगा. नियम तोड़ने वाले के खिलाफ तुरंत मुकदमा दर्ज कर उसे जेल भेजा जाएगा."

'रील' बनाई तो बना देंगे 'रेल'

आजकल सोशल मीडिया पर चर्चा बटोरने के लिए भड़काऊ वीडियो और रील बनाने का चलन बढ़ा है. इस पर टिप्पणी करते हुए सीओ ने कहा कि अगर किसी ने 'झूठी प्रसिद्धि' या 'रील' बनाने के चक्कर में कानून हाथ में लिया, तो पुलिस उसकी 'रेल' बना देगी. उन्होंने साफ किया कि यह त्योहार आपसी सौहार्द और मीठी सिवई का है, इसमें कड़वाहट घोलने वाले किसी भी शख्स को बख्शा नहीं जाएगा.

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