ज्योति को पत्नी बनाने के लिए जितेंद्र ने किया 9 साल का इंतजार, शादी के 62वें दिन ही पति के मौत के बाद कातिलाना स्टोरी आई सामने

Bareilly Murder Case: उत्तर प्रदेश के बरेली में 9 साल के प्यार के बाद हुई शादी महज 62 दिन में खौफनाक अंजाम तक पहुंच गई. पत्नी ज्योति ने पति जितेंद्र यादव की गला घोंटकर हत्या कर दी और आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच में पूरा राज खुल गया. जानिए इस सनसनीखेज मर्डर केस की पूरी कहानी.

Bareily Murder Case
बरेली में शादी के महज 62 दिन बाद ही पत्नी ने पति को उतारा मौत के घाट
social share
google news

प्यार में अक्सर लोग जीने-मरने की कसमें खाते है और जिंदगी भर साथ रहने की बातें भी खूब होती है. लेकिन जीने-मरने की बातें कब मारने तक पहुंच जाती है, इंसान समझ ही नहीं पाता है. कुछ ऐसा ही हुआ है उत्तर प्रदेश के बरेली में, जहां 9 साल से रिलेशन-शिप में रहने के बाद एक जोड़े ने शादी रचाई, लेकिन शादी का यह बंधन 9 महीने भी नहीं ठीक पाया. शादी के महज 2 महीने में ही पत्नी ने अपनी पति की जान ले ली और घटना को इस कदर सबके सामने दिखाया जैसे की युवक ने आत्महत्या की हो. लेकिन कहते है ना कानून के हाथ लंबे होते है और इन्हीं कानून के हाथों ने महिला समेत उसके परिजनों को दर-दबोचा है, जिसके बाद मामले की परतें खुली है. आइए विस्तार से जानते हैं पूरी कहानी.

क्या है पूरा मामला?

मामला बरेली के इज्जतनगर थाना क्षेत्र की कैलाशपुरम कॉलोनी से सामने आया है. यहां आईवीआरआई (IVRI) के संविदाकर्मी जितेंद्र यादव अपनी पत्नी ज्योति के साथ रहते थे. 26 जनवरी को इलाके में अचानक हड़कंप मच गया कि जितेंद्र ने घर में सुसाइड कर लिया है. फिर पुलिस को सूचना दी गई और मौके पर पहुंची तो देखा कि जितेंद्र का शव लटका हुआ है लेकिन पैर नीचे रखे स्टूल से टिके हुए थे और जीभ भी बाहर निकली हुई थी. पुलिस को उसी समय शक हुआ लेकिन जितेंद्र के भाई अजय के कहने पर आत्महत्या का मामला दर्ज कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया.

पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने पलट दी कहानी

शुरू से ही पुलिस को यह मामला आत्महत्या नहीं हत्या का लग रहा था और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में यहीं निकला भी. फॉरेंसिक टीम की जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामने आया है कि जितेंद्र की मौत लटकने से नहीं बल्कि गला घोंटने से हुई है. और गला घोंटने के बाद शव को फंदे से लटकाया गया है.

यह भी पढ़ें...

जितेंद्र के परिजनों ने ज्योति पर लगाया आरोप

जितेंद्र के परिवार को शक हुआ और उन्होंने ज्योति पर आरोप लगाए. परिजनों के मुताबिक, रोडवेज में कंडक्टर पत्नी ज्योति ने शादी के बाद से ही जितेंद्र पर दबाव बनाना शुरू कर दिया था. ज्योति चाहती थी कि जितेंद्र अपनी पैतृक गांव की सारी जमीन-संपत्ति बेच दे और शहर में ज्योति के नाम पर घर और मकान खरीद दें. साथ ही ऐसा नहीं करने पर ज्योति ने जितेंद्र और उसके घरवालों को दहेज केस में फंसाने की धमकी भी दी थी.

9 साल के रिलेशनशिप के बाद हुई थी शादी

मिली जानकारी के मुताबिक जितेंद्र और ज्योति पिछले 9 सालों से एक-दूसरे से प्यार करते थे. इस बीच दोनों ने अपने परिवार वालों को मनाया और 25 नवंबर 2025 को दोनों की शादी हुई थी. इसके बाद 26 नवंबर 2025 को ज्योति अपने ससुराल आ गई थी.

पुलिस की जांच में हुआ खुलासा

पुलिस ने जितेंद्र के परिजनों के आरोप के आधार पर मामले की गंभीरता से जांच शुरू कर दी. पुलिस ने ज्योति और जितेंद्र दोनों के मोबाइल की CDR खंगाली तो पता चला की वारदात वाले समय ज्योति ने किसी हेल्पलाइन और जितेंद्र के परिजनों की जगह अपने परिवार वालों को फोन किया था. इससे पुलिस को जो शक था वह और गहराया गया. फिर पुलिस ने गली में लगे सीसीटीवी कैमरा और ज्योति के परिजनों की लोकेशन ट्रैक की तो पूरे मामले का भेद खुल गया.

ज्योति और उसके परिजनों को हिरासत में लिया गया

शादी के महज 62 दिन बाद इस हत्या के मामले में पुलिस ने गंभीरता से कार्रवाई की और जो एफआईआर पहले 'आत्महत्या के लिए उकसाने' में दर्ज थी, उसे हत्या की धारा में तब्दील किया गया. बरेली एसएसपी अनुराग आर्य ने मामले की गंभीरता को देखते हुए सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए थे, जिसके बाद 31 जनवरी को मुखबिर की सूचना पर इज्जतनगर पुलिस टीम ने डेलापीर से त्रिशूल तिराहे की ओर जाने वाले मार्ग पर कब्रिस्तान के पास से तीनों अभियुक्तों(ज्योति और उसके परिजनों) को करीब 1:45 में गिरफ्तार किया गया था.

ज्योति ने बताई हत्या की वजह

पुलिस पूछताछ में ज्योति ने अपना जुर्म कबूल लिया और हत्या की पूरी कहानी खुद ही बता दी. ज्योति ने पुलिस को बताया कि ऑनलाइन जुआ में 20 हजार रुपए हारने को लेकर विवाद शुरू हुआ था. विवाद बढ़ा और झगड़े के दौरान गुस्से में उसने जितेंद्र का गला दबा दिया, जिससे की मौके पर ही मौत हो गई. फिर ज्योति ने अपने माता-पिता और भाई को बुलाया और उन्हीं की मदद से शव को मफलर से वेंटिलेटर की ग्रिल पर लटकाकर आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की गई. फिलहाल तीनों अभियुक्तों को जेल भेज दिया गया है.

यह खबर भी पढ़ें: गोरखपुर: राम कथा में क्यों भड़के कथावाचक राजन जी महाराज, वीडियो में खुद बताई वजह

    follow on google news